आगरा में शाम 6 बजते ही छाया अंधेरा, ताजनगरी में ब्लैकआउट के बाद पुलिस लाइन में हुई मॉकड्रिल
उत्तर प्रदेश आगरा में आज नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती के अवसर पर सुरक्षा तैयारियों को परखने के लिए मॉकड्रिल और ब्लैकआउट का आयोजन किया गया. शाम ठीक 6 बजे जैसे ही पूरे आगरा शहर में एक साथ ब्लैकआउट कर दिया गया और लाइटें बंद हो गईं.
अचानक अंधेरा छा जाने से लोग सतर्क हो गए और प्रशासन की इस कवायद को लेकर शहर में खास माहौल देखने को मिला. इस दौरान नागरिकों से शांति बनाए रखने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील भी की गई.
पुलिस लाइन में हुई मॉकड्रिल
मॉकड्रिल का आयोजन आगरा की पुलिस लाइन परेड ग्राउंड में किया गया, जिसमें: अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग, PWD विभाग और अन्य विभागों के अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहे.
हवाई हमले का दृश्य दिखाया गया
मॉकड्रिल के दौरान यह दिखाया गया कि यदि दुश्मन द्वारा हमला किया जाता है तो किस तरह से बचाव किया जाएगा और आपात स्थिति में प्रशासन की क्या भूमिका होगी. ड्रिल की शुरुआत हवाई हमले के दृश्य से की गई, जिसके बाद आग लगने और अफरा-तफरी का माहौल दर्शाया गया.
मॉकड्रिल के दौरान कुछ लोग घायल और मृत होने की एक्टिंग करते नजर आए, जिससे स्थिति को वास्तविक रूप देने का प्रयास किया गया. सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया. घायलों को प्राथमिक उपचार दिया गया और आग पर काबू पाने की प्रक्रिया भी दिखाई गई. हमले की स्थिति बनते ही तुरंत ब्लैकआउट कर दिया गया और सभी विभागों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए.
आपात हालात की तैयारी परखना था उद्देश्य
इस अभ्यास का उद्देश्य आपात हालात में कार्रवाई की तैयारियों को परखना रहा. यह मॉकड्रिल इस बात को सुनिश्चित करने के लिए आयोजित की गई कि किसी भी आपात स्थिति या हमले की स्थिति में प्रशासन और विभिन्न विभाग कितनी तेजी और तालमेल से काम कर सकते हैं. यह अभ्यास नागरिकों को भी आपात स्थिति में शांत रहने और प्रशासन का सहयोग करने के लिए जागरूक करने का एक प्रयास था. ऐसी मॉकड्रिल समय-समय पर कराई जाती हैं ताकि वास्तविक आपदा की स्थिति में जान-माल का नुकसान कम से कम हो.
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0







