नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट निर्माण को मिलेगी रफ्तार, डीएम मेधा रूपम ने कहा- शिथिलता बर्दाश्त नहीं
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के निर्माण कार्यों की प्रगति को लेकर जिलाधिकारी मेधा रूपम ने जेवर स्थित एयरपोर्ट सभागार में एक अहम समीक्षा बैठक की. इसमें एयरपोर्ट निर्माण से जुड़े प्रशासनिक और तकनीकी अधिकारियों ने भाग लिया और परियोजना की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई.
बैठक में एडीएम भू-राजस्व राजेश कुमार, एसडीएम जेवर अभय कुमार सिंह, एसीपी सार्थक सेंगर, तहसीलदार ओमप्रकाश पासवान, जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड के सीईओ क्रिस्टोफ श्रेलमैन, सीओओ किरण जैन समेत अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे.
निर्माण कार्यों की ली जानकारी
सीईओ क्रिस्टोफ श्रेलमैन ने पावर प्रेजेंटेशन के माध्यम से डीएम को एयरपोर्ट के रनवे, टर्मिनल भवन और अन्य बुनियादी ढांचे की वर्तमान स्थिति की जानकारी दी. जिलाधिकारी ने समीक्षा के दौरान निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए और सभी कार्य तय समयसीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किए जाए.
एयरपोर्ट निर्माणकार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
नोएडा डीएम मेधा रूपम ने स्पष्ट रूप से कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार की प्राथमिकता वाली परियोजना है, जिसमें किसी भी स्तर पर ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी. बैठक के बाद जिलाधिकारी मेधा रूपम ने स्वयं कमांड सेंटर टर्मिनल भवन तथा अन्य निर्माणाधीन क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया.
डीएम ने कार्य की प्रगति की वास्तविक स्थिति का अवलोकन किया. उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए कि निर्माण गतिविधियों में और तेजी लाई जाए तथा समयबद्ध लक्ष्य को सुनिश्चित करते हुए पर्यावरणीय और संरचनात्मक मानकों का पूर्ण पालन किया जाए. डीएम मेधा रूपम ने यह भी कहा कि निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी और मूल्यांकन के लिए एक सुव्यवस्थित समीक्षा तंत्र स्थापित किया जाए, ताकि कार्य की गति बनी रहे और किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो.
इस साल के अंत तक पहले चरण का काम होगा पूरा
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का पहला चरण 2025 के अंत तक पूरा किया जाना है. इस परियोजना के पूर्ण होने के बाद यह एयरपोर्ट उत्तर भारत का एक प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बनकर सामने आएगा और देश के एविएशन सेक्टर को नई ऊंचाई देने में सहायक सिद्ध होगा.
यह निरीक्षण और समीक्षा बैठक न केवल परियोजना की गति को सुनिश्चित करने की दिशा में एक मजबूत कदम है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि शासन-प्रशासन इस महत्वाकांक्षी योजना को लेकर पूर्णतः प्रतिबद्ध और सतर्क है.
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0







